Agra : श्रीमद्वल्लभाचार्य महाप्रभु प्राकट्य उत्सव पर भक्तिरस में सराबोर हुआ श्री प्रेमनिधि मंदिर
पुरुषोत्तम मास के मनोरथ महोत्सव में गूंजे बधाई पद, ठाकुर श्री श्याम बिहारी जी को अर्पित हुआ विशेष राजभोग

मनोहर समाचार, आगरा। कटरा हाथी शाह, नाई की मंडी स्थित प्राचीन एवं ऐतिहासिक श्री प्रेमनिधि मंदिर में चल रहे श्री पुरुषोत्तम (अधिक मास) मनोरथ महोत्सव के अंतर्गत 27 वें दिन पुष्टिमार्ग के प्रवर्तक, जगद्गुरु श्रीमद्वल्लभाचार्य महाप्रभु का प्राकट्य उत्सव श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर मंदिर परिसर को विशेष रूप से सजाया गया तथा पुष्टिमार्गीय भक्तों ने ठाकुर श्री श्याम बिहारी (श्री बड़े गोविन्द) जी महाराज के दिव्य दर्शनों का लाभ प्राप्त किया।
मंदिर के मुख्य सेवाधिकारी हरिमोहन गोस्वामी ने बताया कि पुष्टिमार्ग में श्रीमद्वल्लभाचार्य महाप्रभु का स्थान सर्वोच्च है। महाप्रभु जी ने जीवों को ठाकुर जी की प्रेममयी सेवा का अधिकार प्रदान किया तथा शरणागति एवं कृपा के मार्ग का उद्घोष किया। पुरुषोत्तम मास में उनका प्राकट्य उत्सव मनाना विशेष पुण्यदायी माना जाता है।
सेवाधिकारी सुनीत गोस्वामी ने बताया कि महाप्रभु जी के प्राकट्य उत्सव पर ठाकुर श्री श्याम बिहारी जी महाराज को विशेष लाल वेशभूषा एवं दिव्य आभूषणों से अलंकृत किया गया। प्रभु के मस्तक पर केसर तिलक सुशोभित किया गया तथा मिश्री-माखन, विशेष अनसखड़ी एवं सखड़ी सामग्री सहित विविध पुष्टिमार्गीय व्यंजनों का राजभोग अर्पित किया गया।
मंदिर प्रशासक दिनेश पचौरी ने बताया कि 17 मई से प्रारंभ हुआ यह मनोरथ महोत्सव 15 जून तक चलेगा। महाप्रभु जी के प्राकट्य उत्सव पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए मंदिर में छाया, शीतल पेयजल एवं सुगम दर्शन की विशेष व्यवस्था की गई।
उत्सव की संध्या में पुष्टिमार्गीय कीर्तन एवं बधाई पदों का विशेष आयोजन किया गया। सुप्रसिद्ध कीर्तनकार गजेन्द्र सिंह चौहान, लीना परमार एवं प्रतीक्षा गुप्ता ने महाप्रभु जी के प्राकट्य से संबंधित बधाई पदों एवं ठाकुर जी की लीलाओं का सुमधुर गायन किया। “प्रगट भए श्री वल्लभराज…” जैसे बधाई पदों पर श्रद्धालु भावविभोर होकर झूम उठे और पूरा मंदिर परिसर भक्तिरस में सराबोर हो गया। उत्सव के मुख्य चरण सेवक शैलेन्द्र वर्मा थे।
इस अवसर पर दीपा वर्मा, सिद्धार्थ वर्मा, तनिष्क वर्मा, सागर वर्मा, दिशा वर्मा, अभयान वर्मा, विशाल, राहुल सहित बड़ी संख्या में वैष्णवजन एवं श्रद्धालु उपस्थित रहे।





