Agra : जब-जब बढ़ता है अधर्म, तब-तब अवतार लेकर धर्म की रक्षा करते हैं भगवान : नीरज नयन महाराज
श्रीकृष्ण जन्मोत्सव और नंदोत्सव की बधाइयों से भक्तिमय हुआ कथा पंडाल

-माधवी अग्र महिला मंडल द्वारा किया जा रहा है श्री मद्भागवत कथा महोत्सव का आयोजन
मनोहर समाचार, आगरा। पुरुषोत्तम मास के पावन अवसर पर माधवी अग्र महिला मंडल द्वारा लोहामंडी स्थित अगसेन भवन में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा के तृतीय दिवस श्रद्धा, भक्ति और उल्लास का अद्भुत संगम देखने को मिला। कथा व्यास नीरज नयन महाराज ने भगवान श्री नारायण के विभिन्न अवतारों का अत्यंत भावपूर्ण वर्णन करते हुए श्रीकृष्ण जन्म लीला का मनोहारी प्रसंग सुनाया।

श्रीकृष्ण जन्म का प्रसंग आते ही पूरा कथा पंडाल “नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की” के जयघोषों से गूंज उठा। श्रद्धालुओं ने भक्ति भाव से नंदोत्सव मनाया तथा बधाइयां लुटाकर अपनी खुशी व्यक्त की। महिलाओं ने मंगलगीत गाए और फूलों की वर्षा कर वातावरण को पूर्णतः भक्तिमय बना दिया। परीक्षित बने रघुवीर सहाय जैन, आभा जैन ने व्यास पूजन किया।

कथा व्यास नीरज नयन महाराज ने कहा कि जब-जब संसार में अधर्म, अन्याय और अहंकार बढ़ता है, तब-तब भगवान विभिन्न अवतार धारण कर धर्म की पुनर्स्थापना करते हैं। भगवान श्रीकृष्ण का अवतार केवल कंस के अत्याचार का अंत करने के लिए नहीं, बल्कि मानवता को प्रेम, करुणा, सत्य और धर्म का मार्ग दिखाने के लिए हुआ था। उन्होंने कहा कि श्रीमद् भागवत कथा मनुष्य के भीतर भक्ति, विनम्रता और सदाचार का संचार करती है तथा जीवन को सकारात्मक दिशा प्रदान करती है।
संस्था अध्यक्ष पुष्पा अग्रवाल ने बताया कि पुरुषोत्तम मास के उपलक्ष्य में आयोजित कथा महोत्सव में प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु सहभागिता कर रहे हैं। कथा के साथ भगवान नाम संकीर्तन एवं भजन-कीर्तन का आयोजन भी किया जा रहा है।
कार्यक्रम में सचिव ऊषा बंसल, रजनी, श्वेता गोयल, रीना अग्रवाल, रेनू अग्रवाल, नीलम मित्तल, संगीता, शिल्पी, कुसुम गर्ग, निर्मल, आशी अग्रवाल, सुरेश चंद्र गर्ग, राकेश गोयल, ओमप्रकाश गोयल, राकेश गर्ग, पायल, अंकुर आदि उपस्थित रहे।





