बिजनेस

Agra : ताजमहोत्सव में पुरानी बनारसी साड़ियां होंगी रीडिजायन, बुनकरों को मिलेगा प्रशिक्षण

21 से 26 फरवरी तक विभिन्न प्रांतों के बुनकर अपने कौशल को साझा करने के साथ उप्र के कारीगरों को प्रशिक्षण भी देंगे

-वर्ल्ड डिजायनिंग फोरम का 21-26 फरवरी तक चार हजार स्क्वायर फीट में होगा कार्यक्रम आयोजित, ताज महोत्सव 2026 में आर्टीज़न्स, वीवर्स और डिजाइनर्स का ऐतिहासिक संगम

मनोहर समाचार, आगरा। आपकी कीमती और यादों से भरी पुरानी बनारसी व सिल्क की साड़ियों को ताजमहोत्सव में नया रूप-रंग मिलेगा। 21 से 26 फरवरी तक देश के बेहतरीन डिजायनर इन्हें रीडिजायन कर आपके लिए परम्परागत व आधुनिक परिधान तैयार करेंगे। विभिन्न प्रांतों से आमंत्रित बुनकर अपनी कला व उत्पादों का प्रदर्शन भी करेंगे। कानपुर से लेदर पर एम्बेलिशमेंट और इम्बॉस वर्क करने वाले कारीगर, कच्छ से प्राकृतिक रंगाई की परंपरा को जीवित रखने वाले नेचुरल डाइंग विशेषज्ञ, जरी और ज़र्दोज़ी के अनुभवी आर्टीज़न्स अपनी तकनीकों का लाइव प्रदर्शन करेंगे। इनका उद्देश्य केवल प्रदर्शन नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के स्थानीय कारीगरों के साथ कौशल साझा करना और प्रशिक्षण देना भी है।

यह जानकारी ताजमहोत्सव में वर्ल्ड डिजायनिंग फोरम के सीईओ अंकुश अनामी ने आमंत्रण पत्र विमोचन कार्यक्रम में दी। बताया कि “ताज नगरी आगरा में आयोजित ताज महोत्सव 2026 में इस वर्ष वर्ल्ड डिजाइनिंग फोरम की भागीदारी भारतीय शिल्प और फैशन को एक साथ लाने की महत्वपूर्ण पहल के रूप में सामने आ रही है। यह सहभागिता केवल प्रदर्शन तक सीमित नहीं है, बल्कि आर्टीज़न्स, वीवर्स और फैशन डिजाइनर्स को एक साझा मंच देने का संगठित प्रयास है। देशभर से आए फैशन डिजाइनर्स लाइव बनारसी साड़ियों को रीडिजाइन करेंगे। दर्शक स्वयं देख सकेंगे कि किस प्रकार पारंपरिक बनारसी साड़ी को आधुनिक परिधान में परिवर्तित किया जाता है। इक्कीस फरवरी से छब्बीस फरवरी तक वर्ल्ड डिजाइनिंग फोरम इस विशेष कार्यक्रम का संचालन करेगा।”

एमएसएमई इंडस्ट्रीज के उप श्रमायुक्त अनुज कुमार ने बताया “मंडल के ओडीओपी उत्पाद का प्रदर्शन किया जाएगा, जिससे लेदर इंडस्टरीज को भी लाभ होगा। इस दौरान लाइव डिजाइनिंग, प्रशिक्षण सत्र और शिल्प प्रदर्शन लगातार आयोजित होंगे। इसके उपरांत एक विशेष दिन फैशन शो का आयोजन किया जाएगा, जिसमें रीडिजाइन की गई बनारसी साड़ियों और अन्य पारंपरिक शिल्प से प्रेरित परिधानों को मंच पर प्रस्तुत किया जाएगा। इस पहल से आर्टीज़न्स को राष्ट्रीय मंच मिलेगा, वीवर्स को नए बाजार और नेटवर्किंग के अवसर प्राप्त होंगे। सबसे महत्वपूर्ण यह कि भारतीय धरोहर को संरक्षित करते हुए उसे आधुनिक संदर्भ में प्रस्तुत करने का सशक्त प्रयास ताज महोत्सव 2026 में देखने को मिलेगा।”

इस अवसर पर मुख्य रूप से प्रतीक्षा अग्निहोत्री, तान्या रावत, रवि सिंह, शक्ति सिंह, धीरज तिवारी आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button