Agra : बाल दिवस पर मिनी मॉन्टेसरी जूनियर हाई स्कूल में चमकी ‘नन्हे वैज्ञानिकों’ की प्रतिभा
आर्ट, क्राफ्ट और विज्ञान प्रदर्शनी में बच्चों ने दिखाई नवाचार की अद्भुत झलक

मनोहर समाचार, आगरा। दुर्गा नगर, नगलपदी, दयालबाग स्थित मिनी मॉन्टेसरी जूनियर हाई स्कूल में बाल दिवस धूमधाम से मनाया गया। अवसर था आर्ट एंड क्राफ्ट एवं विज्ञान प्रदर्शनी का, जहाँ बच्चों की रचनात्मकता, वैज्ञानिक सोच और बौद्धिक क्षमता ने आगंतुकों को चकित कर दिया। विद्यालय परिसर ‘भविष्य के वैज्ञानिकों’ के अभिनव मॉडलों और रंग-बिरंगी कलाकृतियों से सजा हुआ था। कार्यक्रम का शुभारंभ निदेशक आलोक चंद्रा और प्रधानाचार्या आशा चंद्रा ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलन कर किया।

निदेशक आलोक चंद्रा ने कहा कि “बाल दिवस पर बच्चों की सृजनशीलता देखना वास्तव में प्रेरणादायक है। यही बच्चे आगे चलकर समाज और देश का उज्ज्वल भविष्य हैं।” प्रधानाचार्या आशा चंद्रा ने बताया कि वर्ष 1986 में विद्यालय की स्थापना उन निर्धन एवं जरूरतमंद बच्चों की शिक्षा हेतु की गई थी जो आसपास की मलिन बस्तियों में रहते हैं।”

उन्होंने कहा कि “हम बच्चों को केवल पुस्तकीय ज्ञान ही नहीं देते, बल्कि उनकी प्रतिभा, कौशल और व्यक्तित्व विकास पर निरंतर कार्य करते हैं। दिल्ली से आने वाले विशेषज्ञ शिक्षकों द्वारा तीन-तीन माह में हमारे स्टाफ को प्री-प्राइमरी एवं मॉडर्न टीचिंग तकनीकों का प्रशिक्षण दिया जाता है। वर्तमान में कक्षा 1 से 8 तक लगभग 650 बच्चे विद्यालय में शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं।”

निदेशक आलोक चंद्रा ने बताया कि “कक्षा 1 से 4 तक के बच्चों ने आर्ट एवं क्राफ्ट प्रदर्शनी और कक्षा 5 से 8 तक के बच्चों ने विज्ञान प्रदर्शनी लगाई। बच्चों ने वेस्ट मटेरियल से बेस्ट बनाते हुए अनोखे प्रोजेक्ट प्रस्तुत किए, जिसमें चंद्रयान मॉडल, वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, एनर्जी सेविंग मॉडल, सोलर सिस्टम, रोबोटिक्स मिनी मॉडल, पवन ऊर्जा टरबाइन, ज्वालामुखी विस्फोट, ट्रैफिक लाइट ऑटो सिस्टम, क्लीन सिटी –ग्रीन सिटी मॉडल, मानव हृदय की संरचना एवं ब्लड सर्कुलेशन, स्मार्ट विलेज प्रोजेक्ट, बायोगैस प्लांट मॉडल आदि मॉडलों में बच्चों की कल्पनाशक्ति, मेहनत और वैज्ञानिक समझ झलक रही थी। छोटे बच्चों ने रंगों, पेपर क्राफ्ट, ग्लिटर व प्लास्टिक वेस्ट से सुंदर कलाकृतियाँ बनाईं जिनमें घरों के मॉडल, फ्लॉवर पॉट, वॉल-हैंगिंग, पेपर डॉल, ग्रीटिंग कार्ड आदि ने सभी का मन मोह लिया। समापन पर प्रतिभागी बच्चों को पुरस्कृत किया गया ।” समारोह की व्यवस्था आयुष चंद्रा, आरुष चंद्रा, राहुल कुमार, एडमिनिस्ट्रेटर सर्वेश कुमार आदि ने संभाली।





