Agra : समाज की बंदिशे तोड़कर बनी साक्षर, नहीं होना पड़ेगा शर्मिंदा
प्रौढ़ शिक्षा केन्द्रो पर 2500 महिलाओं को बनाया आत्मनिर्भर

शिक्षा प्लस प्रोग्राम के समापन पर महिलाओं को मिले साक्षरता प्रमाण पत्र
मनोहर समाचार, आगरा। एक पहल बीआर मेमोरियल वेलफेयर सोसाइटी और शिव नाडर फाउंडेशन के सहयोग से दयालबाग स्थित एक पहल पाठशाला में प्रौढ़ शिक्षा केंद्र का समापन समारोह आयोजित किया गया। शुक्रवार को शिक्षा प्लस प्रोग्राम के तहत एक वर्ष से चल रहे निःशुल्क 56 प्रौढ़ शिक्षा केन्द्रो के अभ्यर्थियों को प्रमाण पत्र दिया। शुभारम्भ एमएलसी विजय शिवहरे, उपायुक्त उद्योग सोनाली जिंदल, लघु उद्योग भारती के अध्यक्ष विजय गुप्ता, रोबिन सरकार, विजय आनंद वर्मा, संजीव झा और विपिन कुमार ने दीप प्रज्जलित कर किया।
प्रौढ़ साक्षरता प्रमुख विजय आनंद वर्मा ने कहा कि ग्राम पंचायत में समन्वयक पुष्पेंद्र कुमार, नेत्रपाल, सुखविंदर, अंजू, शालू और गरिमा की देखरेख में पहले चरण में दयालबाग के खासपुर में चार, अरतौनी में चार, लखनपुर में तीन, राहुल नगर में तीन, लालगढ़ी में दो, मघटई में चार और नगला बूढी में तीन प्रौढ़ शिक्षा केंद्र 56 वोलिटियर की मदद से संचालित किये गए। जिसमे 2500 महिलाओ को प्रशिक्षण दिया। अब तक 15 हज़ार महिलाओं को शिक्षित कर आत्मनिर्भर बनाया जा चुका है। और अब अप्रैल से अगले चरण में फिर से दस हज़ार लोगो को फिर से प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा है।
महासचिव मनीष राय ने बताया कि प्रौढ़ शिक्षा केन्द्रो में एक वर्ष तक उन प्रौढ़ महिलाओ को साक्षर बनाने के लिए कक्षाएं लगाई, जो शिक्षा पाने का अवसर गवां चुकी थी। शिक्षा प्लस प्रोजेक्ट के तहत अभाव ग्रस्त प्रौढ़ विद्यार्थियों को कंप्यूटर स्क्रीन की सहायता से निःशुल्क शिक्षा प्रदान कर उनका संपूर्ण विकास किया। समापन समारोह में अशिक्षित महिलाओं को साक्षर होने पर प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया| महिलाओ ने शिक्षित होने के बाद के आये जीवन में बदलाव को मंच से बताया। मंच संचालन मनीषा गिलानी और इरम ने किया। धन्यवाद अध्यक्ष डॉ. ईभा गर्ग ने दिया।





