Agra : आगरा को मिली बड़ी सौगात : विजय गुप्ता व इंजीनियर उमेश शर्मा बने टीटीजेड अथॉरिटी के सदस्य

मनोहर समाचार, आगरा। ताजमहल संरक्षण एवं पर्यावरण संतुलन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण ताज ट्रेपेज़ियम ज़ोन (टीटीजेड) अथॉरिटी में आगरा को एक बार फिर महत्वपूर्ण प्रतिनिधित्व मिला है। केंद्र सरकार द्वारा लघु उद्योग भारती के जिलाध्यक्ष विजय गुप्ता एवं इंजीनियर उमेश शर्मा को टीटीजेड अथॉरिटी का सदस्य नामित किया गया है। इस नियुक्ति से आगरा के पर्यावरण संरक्षण, उद्योगों के संतुलित विकास और स्थानीय अर्थव्यवस्था को नई दिशा मिलने की उम्मीद जगी है।
टीटीजेड अथॉरिटी के सदस्य बनाए जाने पर विजय प्रकाश गुप्ता ने इसे सम्मान के साथ-साथ बड़ी जिम्मेदारी बताते हुए कहा कि यह दायित्व केवल किसी पद का नहीं, बल्कि ताजमहल जैसी विश्व धरोहर, आगरा की अर्थव्यवस्था और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य की सुरक्षा से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि वे लंबे समय से उद्योग जगत और पर्यावरण क्षेत्र से जुड़े रहे हैं और उनका दृढ़ विश्वास है कि पर्यावरण संरक्षण और आर्थिक विकास एक-दूसरे के विरोधी नहीं, बल्कि पूरक हैं। स्वस्थ पर्यावरण के बिना न तो उद्योग टिकाऊ हो सकता है और न ही रोजगार सुरक्षित रह सकता है।

विजय गुप्ता ने स्पष्ट किया कि उनकी प्राथमिकता टीटीजेड क्षेत्र में ऐसे व्यावहारिक और संतुलित समाधान विकसित करने की होगी, जिनसे एक ओर ताजमहल और पर्यावरण की प्रभावी सुरक्षा सुनिश्चित हो और दूसरी ओर स्थानीय व्यापार, उद्योग, कारीगर एवं श्रमिक अनावश्यक रूप से प्रभावित न हों। उन्होंने कहा कि जो उद्योग पर्यावरणीय नियमों और मानकों के अनुरूप कार्य कर रहे हैं, उन्हें स्पष्ट मार्गदर्शन, तकनीकी सहयोग और संक्रमण काल में आवश्यक समर्थन मिलना चाहिए, ताकि वे स्वच्छ और टिकाऊ तकनीकों की ओर सहज रूप से आगे बढ़ सकें। उनका लक्ष्य आगरा परिक्षेत्र को स्वच्छ, हरित, पर्यावरण-अनुकूल और भविष्य-उन्मुख बनाना है, जिसके लिए सरकार, उद्योग, विशेषज्ञों और समाज के सभी हितधारकों के साथ निरंतर संवाद किया जाएगा।

वहीं इंजीनियर उमेश शर्मा को पुनः एक बार टीटीजेड अथॉरिटी का सदस्य बनाया गया है। उमेश शर्मा पूर्व में भी टीटीजेड के सदस्य रह चुके हैं। उनके कार्यकाल के दौरान माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा उद्योगों के हित में महत्वपूर्ण निर्णय दिए गए थे। इंजीनियर उमेश शर्मा पर्यावरण अभियांत्रिकी में एम.टेक. हैं तथा विधि स्नातक (लॉ ग्रेजुएट) भी हैं। वे उत्तर प्रदेश सरकार के पर्यावरण निदेशालय की स्टेट एक्सपर्ट एप्रेज़ल कमेटी के सदस्य रह चुके हैं। साथ ही वे लघु उद्योग भारती के पर्यावरण प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक भी हैं। तकनीकी आधार पर उन्हें एक सशक्त विषय विशेषज्ञ के रूप में जाना जाता है। उमेश शर्मा का दोबारा मिली इस जिम्मेदारी पर कहा कि टीटीजेड क्षेत्र में कार्यरत उद्योगों, विशेषकर लघु एवं मध्यम उद्योगों को स्पष्ट दिशा-निर्देश, व्यवहारिक समाधान और संक्रमण काल में आवश्यक तकनीकी सहयोग मिलना चाहिए, ताकि वे पर्यावरणीय मानकों का पालन करते हुए अपने व्यवसाय को सुरक्षित रूप से आगे बढ़ा सकें।
इस महत्वपूर्ण नियुक्ति पर हर्ष व्यक्त करते हुए लघु उद्योग भारती के राष्ट्रीय सचिव दीपक अग्रवाल एवं प्रदेश सचिव मनीष अग्रवाल रावी ने कहा कि आगरा की उन्नति लंबे समय से उद्योगों की उन्नति पर लगी विभिन्न बाधाओं के कारण प्रभावित हो रही थी। अब टीटीजेड अथॉरिटी में अनुभवी और संतुलित दृष्टिकोण रखने वाले सदस्यों की नियुक्ति से उम्मीद है कि उद्योगों पर लगी अनावश्यक रोकों के बादल छंटेंगे और आगरा का औद्योगिक विकास पर्यावरण संरक्षण के साथ आगे बढ़ेगा।




